
आयोग की प्रस्तावित व्यवस्था के तहत नगरीय निकाय चुनाव दो चरणों के बजाय एक चरण में कराए जा सकते हैं। इसी तरह पंचायत चुनाव भी तीन चरणों की जगह एक ही चरण में कराने की तैयारी है। इस व्यवस्था से चुनाव प्रक्रिया कम समय में पूरी होने और आचार संहिता की अवधि घटने की उम्मीद है।
एक चरण में चुनाव कराने की तकनीकी और प्रशासनिक संभावनाओं पर चर्चा के लिए 16 और 17 सितंबर को रायपुर में अंतर-राज्यीय राज्य निर्वाचन आयुक्तों की बैठक होगी। मध्य प्रदेश के मुख्य निर्वाचन आयुक्त भी इसमें शामिल होंगे। बैठक में अन्य राज्यों में अपनाए गए कम चरणों वाले चुनाव मॉडल, ईवीएम की उपलब्धता और एक साथ मतदान कराने की तकनीकी व्यवस्था पर अनुभव साझा किए जाएंगे।
पूरे प्रदेश के नगरीय निकायों में एक साथ मतदान के लिए पर्याप्त ईवीएम की उपलब्धता और उनकी लॉजिस्टिक्स पर भी काम किया जा रहा है। आयोग मतदान और मतगणना के बीच का अंतर कम कर परिणाम जल्द घोषित करने की व्यवस्था पर भी विचार कर रहा है। रायपुर बैठक के निष्कर्षों के बाद अंतिम प्लान तैयार होगा।
नगरीय निकायों में रिक्त पदों के लिए उपचुनाव की तैयारी भी चल रही है। ये चुनाव अक्टूबर में हो सकते हैं। आगर मालवा जिले की सुसनेर नगर परिषद के अध्यक्ष का पद 19 फरवरी 2026 से रिक्त है। प्रदेश के नगरीय निकायों में पार्षदों के 85 पद भी खाली हैं।
31 मार्च 2026 की स्थिति में जिला पंचायत सदस्य के 3, जनपद पंचायत सदस्य के 13, पंचों के 3753 और सरपंच के 74 पद रिक्त हैं। इन पदों पर भी चुनाव कराए जाने हैं।3 कैची हेडलाइन