उम्मीदवारों की सूची पर रोक लगाएं, सुप्रीम कोर्ट ने आंध्र प्रदेश निर्वाचन आयोग को दिया निर्देश; लोकतंत्र पर दी नसीहत
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22-10-2026 11:36 AM
नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को कहा कि लोकतंत्र और कानून के शासन के लिए चुनाव प्रक्रिया में भरोसा जगाना बहुत जरूरी है। कोर्ट ने आंध्र प्रदेश राज्य चुनाव आयोग (SEC) को निर्देश दिया कि वह उन 100 स्थानीय निकायों में से 19 के लिए उम्मीदवारों की अंतिम सूची जारी न करे, जहां विपक्षी पार्टी YSRCP ने आरोप लगाया है कि उनके उम्मीदवारों को नामांकन दाखिल करने से रोका गया था। हालांकि, कोर्ट ने 28 अक्टूबर की मतदान की तारीख में कोई बदलाव करने से इनकार कर दिया।जस्टिस जॉयमाल्य बागची और जस्टिस वी. मोहना की बेंच ने SEC से कहा कि वह उम्मीदवारों की शिकायतों पर विचार करे जिन्होंने आरोप लगाया है कि उन्हें नामांकन दाखिल करने से रोकने के लिए बल प्रयोग किया गया था। वहीं, YSRCP की ओर से पेश वरिष्ठ वकील मनिंदर सिंह के सुझाव को मानते हुए, सुप्रीम कोर्ट ने DGP को निर्देश दिया कि वे नामांकन केंद्रों पर और उम्मीदवारों को पर्याप्त सुरक्षा मुहैया कराएं।YSRCP पंजाब से अपराधियों को ला रही है: SC में आंध्र प्रदेश सरकार
आंध्र प्रदेश सरकार की ओर से पेश वरिष्ठ वकील सिद्धार्थ लूथरा ने कहा कि YSRCP पंजाब जैसे दूर के राज्यों से आपराधिक तत्वों को बुला रही है और हिंसा भड़का रही है, ताकि बाद में खुद को पीड़ित बताकर शोर मचा सके। वहीं, YSRCP की ओर से पेश हुए वरिष्ठ वकील मनिंदर सिंह ने बताया कि 100 शहरी स्थानीय निकायों (13 नगर निगमों और 87 नगर पालिकाओं/नगर पंचायतों) में से 19 निकायों में, YSRCP के 63% से अधिक उम्मीदवारों को नामांकन दाखिल करने से रोका गया या उनके नामांकन पत्र फाड़ दिए गए।